विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने नई दिल्ली में नेपाल के विदेश मंत्री शिशिर खनाल से मुलाकात की। बैठक के बाद श्री जयशंकर ने 2015 के भूकंप के बाद पुनर्निर्माण कार्यक्रम के तहत नेपाल को 72 स्वास्थ्य सुविधाएं और 12 सांस्कृतिक विरासत परियोजनाएं वर्चुअल माध्यम से सौंपीं। दोनों नेताओं ने दोनों देशों के बीच व्यक्तिगत रूप से धन के लेन-देन सुगम बनाने के लिए यूपीआई समन्वय का संयुक्त रूप से शुभारंभ किया।
बैठक के दौरान विदेश मंत्री ने कहा कि भारत और नेपाल अपनी लंबी और विशिष्ट रूप से खुली सीमा पर सुरक्षा बनाए रखने के लिए घनिष्ठ सहयोग करते हैं और दोनों देश हमेशा आवश्यकता के समय एक-दूसरे के साथ खड़े रहे हैं।

सुरक्षा बनाए रखने के लिए मिलकर काम करना होगा। दोनों देश आवश्यकता के समय हमेशा एक–दूसरे के साथ खड़े रहे हैं। पश्चिम एशिया और मध्य पूर्व में जारी संकट के बावजूद, हमने नेपाल को ईंधन की सप्लाई बिना किसी रुकावट के जारी रखी है। दोनों पक्षों की ओर से इस रिश्ते को जो महत्व दिया जाता है वह हाल ही में सामने आया है।
नेपाल के विदेश मंत्री श्री शिशिर खनाल ने कहा कि भारत नेपाल का सबसे महत्वपूर्ण साझेदार है और नेपाल ने भारत को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा कि नेपाल और भारत केवल दो देश नहीं बल्कि एक गौरवशाली प्राचीन सभ्यता के साझेदार हैं।



