आकाशवाणी संगीत सम्मेलन का 67वां संस्करण आज दिल्ली, मुंबई और कोलकाता में शास्त्रीय संगीत कार्यक्रम के साथ शुरू होगा। प्रसार भारती, संस्कृति मंत्रालय के सहयोग से 29 नवम्बर तक 24 शहरों में कार्यक्रम आयोजित करेगा

आकाशवाणी संगीत सम्मेलन की शुरूआत 1954 में हुई थी और यह सम्मेलन भारत की प्रख्यात सांस्कृतिक परंपरा का प्रतीक है। इसमें देशभर के श्रोताओं को हिन्दुस्तानी, कर्नाटक और लोक संगीत से रूबरू होने का मौका मिलेगा।
यह सम्मेलन भारत की समृद्ध संगीत परंपरा का संरक्षण करने और प्रोत्साहन देने तथा उसे लोकप्रिय बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा.. इस वर्ष के सम्मेलन में प्रत्येक केंद्र पर दो कार्यक्रम होंगे। इनमें से एक भारतीय शास्त्रीय संगीत और दूसरा लोक संगीत को समर्पित होगा।

पणजी और शिलांग में विशेष तौर पर पश्चिमी शास्त्रीय संगीत की प्रस्तुति होगी, जो भारत के संगीत की क्षेत्रीय विविधता को प्रदर्शित करेगी।



