भारत और इथियोपिया के संबंधों को सामरिक स्तर तक विस्तार दिया जाएगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कल इथियोपिया की राजधानी अदीस अबाबा में प्रधानमंत्री अबी अहमद अली के साथ वार्ता में इस पर सहमति व्यक्त की। प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि इससे दोनों देशों के संबंधों को नई ऊर्जा और गति मिलेगी हम भारत इथोपिया संबंधों को स्ट्रैटेजिक पार्टनरशिप स्तर पर ले जा रहे हैं। यह कदम हमारे संबंधों को नई ऊर्जा नई गति और नई गहराई प्रदान करेगा।
प्रमुख आयाम, इकोनामी इन्नोवेशन टेक्नोलॉजी, डिफेंस, हेल्थ कैपेसिटी, बिल्डिंग और मल्टीलेटरल कॉरपोरेशन पर विचार विमर्श करने का मौका मिला।

भारत और इथियोपिया के संबंधों को मजबूत करने और एक वैश्विक राजनेता के रूप में श्री मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व के लिए उन्हें इथियोपिया के प्रधानमंत्री ने यह सम्मान दिया है
दोनों देशों के बीच आठ समझौतों पर हस्ताक्षर हुए हैं। इनमें सीमा-शुल्क मामलों में सहयोग, इथियोपिया के विदेश मंत्रालय में डेटा सेंटर की स्थापना, संयुक्त राष्ट्र शांतिरक्षा अभियानों के प्रशिक्षण में सहयोग, जी20 के अंतर्गत ऋण समायोजन, आई.सी.सी.आर. छात्रवृत्ति में वृद्धि और इथियोपिया के लोगों के लिए यांत्रिक मेधा पाठ्यक्रम शामिल हैं।इथियोपिया ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अपने सर्वोच्च सम्मान द ग्रेट ऑनर निशान ऑफ इथियोपिया से सम्मानित किया है।





श्री मोदी ने यह पुरस्कार दोनों देशों के उन लोगों को समर्पित किया, जिन्होंने सदियों से द्विपक्षीय संबंधों को पोषित किया है।
यह सम्मान उन अनगिनत भारतियों का है जिन्होंने हमारी साझादारी को आकार दिया है। 1896 के संघर्ष में सहयोग देने वाले गुजराती व्यापारी हो, इथोपियन नियुक्ति के लिए लड़ने वाले भारतीय सैनिक हो या शिक्षा और निवेश के माध्यम से भविष्य संवारने वाले भारतीय शिक्षक और उद्योगपति।
प्रधानमंत्री मोदी ने पहलगाम आतंकी हमले के बाद एकजुटता दिखाने और आतंकवाद के विरूद्ध वैश्विक एकता को मजबूत करने के लिए इथियोपिया को धन्यवाद दिया।

दोनों नेताओं ने व्यापार और निवेश, नवाचार, प्रौद्योगिकी, रक्षा, स्वास्थ्य, क्षमता निर्माण और बहुपक्षीय सहयोग सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग पर चर्चा की। प्रधानमंत्री ने द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने के लिए तीन प्रमुख सुझाव दिए, जिनमें पहला था खाद्य सुरक्षा और स्वास्थ्य सुरक्षा में संबंधों को मजबूत करना। इसमें प्राकृतिक खेती कृषि और कृषि–प्रौद्योगिकी में सहयोग शामिल है। मुनीष दूसरा सुझाव क्षमता निर्माण को बढ़ावा देना था। इसीलिए दोनों देशों ने कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी AI में नए कार्यक्रम शुरू करने और छात्रवृत्ति को दोगुना करने का निर्णय लिया है
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का अंतिम सुझाव डिजिटल सार्वजनिक ढांचे यानी जिसे हम डिजिटल पब्लिक इन्फ्रास्ट्रक्चर डीपीआई कहते हैं उस पर व्यापक रूप से काम करना था।
उन्होंने संयुक्त राष्ट्र सहित बहुपक्षीय मंचों पर सहयोग को बढ़ाने पर चर्चा की और बैठक के बाद अपने संदेश में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि आज जब पूरी दुनिया का ध्यान वैश्विक दक्षिण पर केंद्रित है, तब इथियोपिया की आत्मसम्मान, स्वतंत्रता और आत्म–गौरव की सुस्थापित परंपरा हम सभी के लिए एक सशक्त प्रेरणा है। मुनीष, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि भारत ब्रिक्स संघ की अध्यक्षता में और प्रस्तावित भारत–अफ्रीका फोरम शिखर सम्मेलन के लिए इथियोपिया के साथ साझेदार के रूप में काम करने के लिए उत्सुक है।




